🏢 ऑफिस शिफ्ट करने के लिए कौन सी तारीख शुभ है?
Shubh Muhurat for Office Shifting • वास्तविक ग्रह-स्थितियों से गणना
ऑफिस स्थिर (ध्रुव) नक्षत्र में शिफ्ट करें — रोहिणी, उत्तरा फाल्गुनी, उत्तराषाढ़ा या उत्तराभाद्रपद — शुभ तिथि पर; पंचक, भद्रा, मंगलवार और शनिवार टालें। नए ऑफिस में सबसे पहले बही-खाते (हिसाब) और मालिक का आसन प्रवेश करे।
आगामी शुभ तिथियाँ (अगले 60 दिन)
सामान्य पंचांग के अनुसार — आपकी व्यक्तिगत परत से पहले। नीचे राशि चुनें, ताकि जो दिन विशेषतः आपके लिए अनुकूल नहीं हैं वे हट जाएँ।
| तारीख | तिथि | नक्षत्र | तिथि समाप्ति |
|---|---|---|---|
| बुध, 28 अक्टू॰ | Krishna Tritiya | Krittika | 01:08+1d |
| शुक्र, 30 अक्टू॰ | Krishna Panchami | Mrigashira | 19:26 |
| रवि, 1 नव॰ | Krishna Saptami | Pushya | 14:53 |
| गुरु, 5 नव॰ | Krishna Ekadashi | Uttara Phalguni | 10:37 |
| बुध, 11 नव॰ | Shukla Dwitiya | Anuradha | 15:55 |
| गुरु, 12 नव॰ | Shukla Tritiya | Jyeshtha | 18:11 |
| गुरु, 26 नव॰ | Krishna Dwitiya | Mrigashira | 13:16 |
| गुरु, 3 दिस॰ | Krishna Dashami | Uttara Phalguni | 23:05 |
🎯 इस कार्य के लिए आपकी व्यक्तिगत तिथियाँ
अपनी राशि (चंद्र राशि) चुनें — हम आपके चंद्राष्टम के दिन हटाकर शेष को क्रम देते हैं। राशि नहीं पता? अपनी राशि और नक्षत्र जानें →
यह मुहूर्त कैसे निकाला जाता है
ऑफिस की शिफ्टिंग आजीविका का गृह-प्रवेश है, इसलिए कठोर नियम लागू होते हैं: स्थिर नक्षत्र नए स्थान को टिकाव देते हैं, और पंचक — जिसमें स्थानांतरण शास्त्रतः वर्जित है — पूरी तरह टालें। प्रवेश के समय भद्रा न हो।
नए ऑफिस में पहले वही चीज़ें जाएँ जो व्यवसाय का भाग्य ढोती हैं: खाता-बही या अकाउंट्स, मंदिर (यदि रखते हों), और स्वामी की कुर्सी। नियमित काम शुरू होने से पहले शुभ चौघड़िया में द्वार पर संक्षिप्त गणेश-पूजन करें। स्वामी (या हस्ताक्षर-अधिकारी) अपने चंद्राष्टम में यह प्रवेश न करें — परिसर उद्घाटन करने वाले का भाव ग्रहण करता है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
सामान वीकेंड (शनिवार) को ही जा सकता है, क्या करें?
सामान शनिवार को ले जाएँ, कोई बात नहीं — पर प्रवेश (पहली पूजा, स्वामी का आसन, बही-खाता) शुभ वार के अच्छे चौघड़िया में करें। मुहूर्त ट्रक से नहीं, उद्घाटन से जुड़ा है।
ऑफिस शिफ्टिंग में पंचक का क्या महत्व है?
धनिष्ठा से रेवती तक के पाँच नक्षत्र पंचक कहलाते हैं — इनमें स्थानांतरण, छत का काम और शय्या-स्थापना वर्जित हैं; कहा जाता है कि पंचक में किया कार्य पाँच बार दोहराना पड़ता है। जब कुछ दिन में साफ़ तारीख मिल रही हो, यह जोखिम व्यर्थ है।
Career & Work में और मुहूर्त
वर्ष की स्थिर सूचियाँ शुभ मुहूर्त 2026 पर, आज की घड़ियाँ चौघड़िया और राहु काल पर, और अपने शहर का पूरा पंचांग देखें।